Dr.ck_raut
हुलाकी न्यूज, काठमाडौं २१ बैशाख । स्वतन्त्र मधेश गठबन्धनका संयोजक डा.सीके राउतले धरौटी कोष स्थापनाका लागि अपील गरेका छन् ।

पटक–पटक कार्यकर्ताहरु पक्राउ पर्ने गरेको र विशेष अदालतले धरौटी माग गर्ने गरेकोले कार्यकर्ताहरुको धरौटी तिर्नका लागि कोष स्थापना गर्न डा.राउतले अपील गरेका छन् ।

हालसम्म ३३ जना कार्यकर्ताहरुमाथि मुद्दा लगाइएको र उनीहरु धरौटीमा रिहा भएको जानकारी दिदै डा.राउतले तत्कालका लागि ८ लाख २५ हजारको कोष स्थापना गर्नु पर्ने आफ्नो फेसबुक पेजमार्फत सार्वजनिक गरेका छन् ।

गठबन्धनका कार्यकर्ताहरु आर्थिक संकट व्यहोरिरहेको र झन् राज्यले आर्थिक भार दिइरहेको अवस्थामा उक्त रकम सहयोग गर्न राउतले अपील गरेका छन् ।

सोमबार मात्रै विशेष अदालतमा तारिख बुझ्न आएका बाँकेका चार जना कार्यकर्ताहरु काठमाडौंमा अलपत्र परेका छन् । उनीहरुले आफुहरुसँग नेपालगञ्जसम्म फर्किने पैसासमेत नभएको समाजिक सञ्जालमार्फत जनाएका छन् ।

राउतले फेसबुकमार्फत गरेको अपील

स्वराजी रिहाई के लिए “धरौटी कोष” में सहयोग के लिए अपील
———————-
आपको ज्ञात नहीं भी हो सकता है, पिछले ४ महिनों के दौरान नेपाली फिरंगी सरकार ने ३३ स्वराजियों के उपर राज्यविप्लव का मुद्दा दायर किया है। इनमें से अभी कोई हिरासत में बांकी तो नहीं है, परंतु बहुतों का “थुनछेक” बहस बांकी है। विशेष अदालत ने प्राय: २०-२५ हजार प्रति व्यक्ति धरौटी रखकर स्वराजियों को हिरासत मुक्त किया है/कर रहा है। यह हम स्वराजियों को “आर्थिक भार” देकर यातना देने का षडयन्त्र है, क्योंकि नेपाल सरकार भी जानती है कि स्वराजियों के पास कोई आर्थिक श्रोत तो नहीं हैं और वह “आर्थिक भार” देकर ही हमें निरुस्ताहित करना चाहती है, पराजित करना चाहती है। पर हमें पूरा विश्वास है कि मधेशी जनता नेपाल सरकार के इस षडयन्त्र का मुँहतोड जबाब देगी।

आवश्यक जम्मा धरौटी रकम:
३३ मुद्दा x करीब २५,००० ‍= करीब ८.२५ लाख

(धरौटी के अलावा मुद्दा लडने भी बहुत खर्च होता है, आप जानते ही हैं। खास करके यह मुद्दा विशेष अदालत काठमांडू में ही चलने के कारण, मुद्दे के सिलसिले में तारीख लेने मुद्दा लगे हुए स्वराजियों को अनेकों बार काठमांडू आना-जाना पडता है, वहाँ पर ठहरना पडता है, उसमें भी काफी खर्च आ जाता है।)

यह खर्च अकेले किसी को बहन करना मुश्किल हो, पर जिस तरह बूँद-बूँद से घडा भी भर जाता है, उसी तरह मधेशी जनता अगर थोडा थोडा भी इस धरौटी रकम की ओर अपनी तरफ से योगदान दें तो, यह रकम जुटाना कोई मुश्किल काम नहीं है। आखिर स्वराजी बन्धु किसके लिए हिरासत में यातना भोग रहे हैं ? किसके लिए इतना कष्ट झेल रहे हैं ? क्यों अपना घर-परिवार काम-काज छोडकर, अपना सुखशयल छोडकर, कडी धूप में भूखे-प्यासे पैदल चल-चलकर मधेश के इतिहास और स्वराज के विषय में जागरण फैला रहे हैं ? हमारे और आपके भविष्य के लिए ही न ?

आप यह धरौटी रकम सीधे विशेष अदालत में जाकर भी स्वयं दे सकते हैं। आपका दिया हुआ पूरा-का-पूरा रकम धरौटी के रुप में ही जाएगा, अर्थात् आपका १ रुपया भी व्यवस्थापन लगायत के खर्च में नहीं लगेगा। अपनी तरफ से योगदान करने के लिए निकट के किसी स्वराजी मार्फत् संदेश भेजें, या प्राइवेट मेसेज करें, या [email protected] पर सम्पर्क करें। अपना नाम लिखाकर सार्वजनिक तरीके से देना चाहते हैं तो भी स्वागत है; या आप अगर “अज्ञात दाता” के रुप में योगदान देना चाहते हैं, तो भी ठीक है और उसी हिसाब से गोपनीयता रखी जाएगी।

नोट:
आप सभी में से बहुतों का सुझाव यह हो सकता है कि धरौटी देने के बदले स्वराजी जेल क्यों नहीं जाते ?

उत्तर: जितने स्वराजी को गिरफ्तार करके हिरासत में रखा गया और राजविप्लव का मुद्दा लगाया गया, वे सभी ३ हप्ता से लेकर महिना दिन तक नेपाल प्रहरी के हिरासत में यातना भोगकर आए हैं । मधेश मां के लिए, हमारे आपके बाल-बच्चे के भविष्य बनाने के लिए, मधेशियों का अस्तित्व बचाने के लिए उन्होंने हिरासत में अनेकों कष्ट झेले हैं, अनेकों यातनाएँ झेली है। और वे स्वराजी मधेश मां की खातिर, हमारे आपके बाल-बच्चे के भविष्य के खातिर, धरौटी देने के बदले जेल भी जाने के लिए तैयार हैं। पर रणनैतिक हिसाब से वह चरण अभी आया नहीं है। अगर स्वराज आंदोलन के अधिकांश ‘फ्रन्ट मेन’ जेल के अंदर ही बंद हो जाय, तो अभी अभियान के काम पर असर पडेगा, काम आगे नहीं बढ पाएगा, संगठन विस्तार का काम प्रभावित हो जाएगा। इसलिए जैसे ही हरेक जिले में पर्याप्त संख्या में ‘बैकअप नेतृत्व’ तैयार हो जाएगा, उसके बाद हम स्वराजी धरौटी देने के बदले जेल भी जाएँगे। कृपया वह चरण आने दें।

अभी तक लगे राज्य-विप्लव के मुद्दों की नामावली
****************************

२०७१ असोज २२ गते:
————
1. Dr. C. K. Raut – अदालत द्वारा सफाई

२०७२ माघ १९ गते:
——–
2. Dr. C. K. Raut
3. Satya Narayan Khang Khatwe
4. Chandeshwar Mahato, 51
5. Sudeep Raj Kushwaha, 26
6. Bishnudev Chaudhari, 47
7. Kedarnath Yadav, 65
8. Sanjay Yadav, 25
9. Ranjit Yadav, 30
10. Raj Kumar Yadav, 50
11. Dev Kant Singh, 45
12. Rajesh Kumar Mandal, 25
13. Parashuram Thakur
14. Jitu Sah, 25
15. Budhan Mandal, 40
16. Md. Manjur Alam
17. Baleshwar Yadav, 32
18. Baidyanath Mahato, 40

२०७२ साल फाल्गुण २८ गते:
—————-
19. Dr. C. K. Raut
20. Shyam Sundar Mandal
21. Nageshwar Sharma Sutihar
22. Surendra Mandal

२०७२ साल फाल्गुण २८ गते:
—————-
23. Dr. C. K. Raut
24. Surendra Sharma
25. Md. Usman Miya
26. Budheshwar Mandal

२०७२ साल वैशाख ३ (?) गते:
—————-
27. Abdul Khan
28. Irfan Shekh
29. Harpal Singh
30. Ram Manohar Yadav
31. Satya N. Khang
32. Chandan Singh
33. Kailash Mahato
34. Dr. C. K. Raut

यह राज्यविप्लव के मुद्दा लगना हम स्वराजी अपना सौभाग्य मानते हैं, क्योंकि यह तो शत्रु नेपाली साम्राज्य द्वारा भी औपचारिक रुप से स्वीकार किया गया freedom fighters की नामावली है। तो हमें वह freedom fighter होने पर गर्व है। नेपाली उपनिवेश अंत हो, मधेश देश स्वतंत्र हो।

 Cover Photo From Dr.Raut’s page

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.